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PM Kisan सम्मान निधि योजन: वित्त मंत्री ने किसानों के इनकम बढ़ाने के लिये की अहम घोषणा, सुनकर आप भी नाच उठोगे

PM Kisan Yojana: सरकार की ओर से किसानों की Income बढ़ाने के लिए लगातार में प्रयास कर रहे हैं। इसमें केंद्र सरकार (Central government) की बड़ी अहम योजना पीएम किसान सम्मान निधि (PM Kisan Samman Nidhi) सबसे अहम भूमिका है।

इस योजना के अंतर्गत पात्र किसानों को हर साल 6000 रुपये provide किये जाते हैं। अब वित्त मंत्री Nirmala Sitharaman ने किसानों को ध्यान में रखते हुए बैंकों को एक और निर्देश दिया है।

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वित्त मंत्री ने Public Sector के बैंकों से गांवों में लोगों की Income बढ़ाने के लिए किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) धारकों को आसानी से कर्ज देने के लिए बोला गया है।

बता दे कि पिछले दिनों वित्त मंत्री ने Public Sector के बैंकों के मुख्य कार्यपालक अधिकारियों (CEO) के साथ घंटों Meeting की थी। बैठक में उन्होंने तकनीक को उन्नत बनाने में Regional Rural Banks की मदद करने को भी बोलै गया था।

बैठक के बाद मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्री Purushotam Rupala ने कहा कि Finance Minister किसान क्रेडिट कार्ड योजना (KCC Yojana) का Review किया और इस पर विचार किया कि कैसे संस्थागत ऋण इस क्षेत्र को उपलब्ध कराया जा सकता है।

ग्रामीण बैंक की कृषि ऋण में निभाई अहम भूमिका :

वित्त राज्यमंत्री भागवत के कराड ने बोला की बैठक की अध्यक्षता वित्त मंत्री ने और मछली पकड़ने और साथ ही Dairy क्षेत्र में लगे सभी लोगों को किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) जारी करने पर बहुत बड़ी चर्चा की गई।

उन्होंने कहा, ‘एक अन्य सत्र में क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों (Regional Rural Banks) पर यह निर्णय लिया गया कि प्रायोजक बैंकों को उन्हें डिजिटलीकरण और प्रौद्योगिकी सुधार में मदद करनी चाहिए।

Regional Rural Banks की कृषि ऋण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है इसके प्रायोजक बैंक सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक (PSB) और राज्य सरकारें (State Government) हैं।

सूत्रों ने बताया कि देश में कुल 43 RRB उपलब्ध हैं। इनमें से एक-तिहाई, विशेषकर पूर्वोत्तर और पूर्वी क्षेत्रों के RRB घाटे में चल रहे हैं और इन्हें 9 फीसदी की नियामकीय पूंजी आवश्यकता को पूरा करने के लिए इन्हें कोष की बहुत ही जरूरत है।

इन बैंकों का गठन RRB अधिनियम, 1976 के तहत किया गया है और इनका प्रमुख्य उद्श्य छोटे किसानों व कृषि क्षेत्र के कामगारों और ग्रामीण इलाकों के कारीगरों को कर्ज और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है।

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